देशबड़ी खबर

वित्त मंत्री सीतारमण ने कहा- अर्थव्यवस्था पटरी पर, आयकर में मिलेगी छूट

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने वित्त वर्ष 2023-24 का केंद्रीय बजट संसद के पटल पर रखा। बुधवार को अमृत काल का बजट लोकसभा में पेश करते हुए सीतारमण ने कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था सही रास्ते पर है, जो उज्ज्वल भविष्य की ओर बढ़ रही है। वेतनभोगियों को बड़ी राहत देते हुए वित्त मंत्री ने आयकर छूट की सीमा बढ़ाने का ऐलान किया।

सीतारमण ने वित्त वर्ष 2023-24 के केंद्रीय बजट में मौजूदा आयकर स्लैब को 5 लाख रुपये से बढ़ाकर 7 लाख रुपये कर दिया है। इस घोषणा के साथ नई टैक्स व्यवस्था के तहत मौजूदा टैक्स स्लैब को 5 लाख रुपये से बढ़ाकर 7 लाख रुपये कर दिया गया है। संसद में बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री ने वित्त वर्ष 2022-2023 के लिए संशोधित राजकोषीय घाटा सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) का 6.4 फीसदी रहने और वित्त वर्ष 2023-2024 के लिए राजकोषीय घाटा जीडीपी का 5.9 फीसदी रहने का अनुमान जताया है।

वित्त मंत्री ने बजट प्रस्तुत करते हुए कहा कि मौजूदा वित्त वर्ष में हमारी अर्थव्यवस्था की विकास दर सात फीसदी रहने का अनुमान है, जो विश्व की बड़ी अर्थव्यवस्थाओं में सबसे अधिक है। बजट पेश करते हुए सीतारमण ने कहा कि कोरोना महामारी के दौरान हमने यह सुनिश्चित किया कि 28 महीनों के लिए 80 करोड़ से ज्यादा लोगों को मुफ्त खाद्यान्न की आपूर्ति करने की प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के साथ कोई भी भूखा न सोए। इस योजना के तहत 2 लाख करोड़ रुपये भारत सरकार वहन कर रही है। अंत्योदय योजना के तहत गरीबों के लिए मुफ्त खाद्यान्न की आपूर्ति को एक साल के लिए बढ़ा दिया गया है।

सीतारमण ने केंद्रीय बजट 2023-24 में सरकार की 7 प्राथमिकताओं के बारे में बताते हुए कहा कि समावेशी विकास, अंतिम छोर तक पहुंचाना, बुनियादी ढांचा और निवेश, क्षमता को उजागर करना, ग्रीन ग्रोथ, युवा शक्ति और वित्तीय क्षेत्र हैं। उन्होंने कहा कि 2014 से स्थापित मौजूदा 157 मेडिकल कॉलेजों के साथ सहस्थान पर 157 नए नर्सिंग कॉलेज भी स्थापित किए जाएंगे। विशेष रूप से जनजातीय समूहों की सामाजिक-आर्थिक स्थिति में सुधार के लिए पीएमपीबीटीजी विकास मिशन शुरू किया जाएगा, ताकि पीबीटीजी बस्तियों को मूलभूत सुविधाएं दी जा सके। उन्होंने कहा कि अगले 3 साल में योजना को लागू करने के लिए 15,000 करोड़ उपलब्ध कराए जाएंगे।

वित्त मंत्री ने अपने बजट भाषण में कहा कि रेलवे के लिए 2.40 लाख करोड़ रुपये के पूंजीगत परिव्यय का प्रावधान किया गया है। पीएम आवास योजना के परिव्यय को 66 फीसदी बढ़ाकर 79,000 करोड़ किया जा रहा है। पूंजी निवेश परिव्यय 33 फीसदी बढ़ाकर 10 लाख करोड़ रुपये किया जा रहा है, जो कि सकल घरेलू उत्पाद का 3.3 फीसदी होगा। उन्होंने कहा कि महामारी से प्रभावित एमएसएमई को राहत दी जाएगी। संविदागत विवादों के निपटान के लिए स्वैच्छिक समाधान योजना लाई जाएगी।

वित्त मंत्री ने कहा कि ऊर्जा सुरक्षा के क्षेत्र में 35 हजार करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा। नवीकरणीय ऊर्जा क्षेत्र में 20,700 करोड़ रुपये का निवेश किया जाएगा। वैकल्पिक उर्वरकों को बढ़ावा देने के लिए पीएम प्रणाम योजना की शुरुआत की जाएगी। गोबर्धन स्कीम के तहत 500 नए संयंत्रों की स्थापना की जाएगी।

वहीं प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना के चौथे चरण की शुरुआत की जाएगी। युवाओं को अंतरराष्ट्रीय अवसरों के लिए कौशल प्रदान करने के लिए 30 स्किल इंडिया नेशनल सेक्टर खोले जाएंगे। 740 एकलव्य मॉडल आवासीय विद्यालयों के लिए अगले 3 वर्षों में 38,000 शिक्षकों और सहायक कर्मचारियों की भर्ती की जाएगी।

वित्त मंत्री ने कहा कि वर्ष 2014 से सरकार के प्रयासों ने सभी नागरिकों के जीवन की बेहतर गुणवत्ता और गरिमापूर्ण जीवन सुनिश्चित किया है। प्रति व्यक्ति आय भी दोगुनी से अधिक बढ़कर 1.97 लाख रुपये हो गई है। उन्होंने कहा कि इन नौ सालों में भारतीय अर्थव्यवस्था दुनिया की 5वीं सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के तौर उभरी है।

सीतारमण ने कहा कि हमारा आर्थिक एजेंडा नागरिकों के लिए अवसरों को सुविधाजनक बनाने, विकास और रोजगार सृजन को तेज गति प्रदान करने और व्यापक आर्थिक स्थिरता को मजबूत करने पर केंद्रित है।

उन्होंने आगे कहा कि कृषि से जुड़े स्टार्ट-अप को प्राथमिकता दी जाएगी। युवा उद्यमियों द्वारा कृषि-स्टार्टअप को प्रोत्साहित करने के लिए कृषि त्वरक कोष की स्थापना की जाएगी। पशुपालन, डेयरी और मत्स्य पालन पर ध्यान देते हुए कृषि ऋण लक्ष्य को बढ़ाकर 20 लाख करोड़ रुपये किया जाएगा। वित्त मंत्री ने कहा कि बच्चों और किशोरों के लिए राष्ट्रीय डिजिटल पुस्तकालय स्थापित किया जाएगा।

सीतारमण ने केंद्रीय बजट में नई घोषणाओं का ऐलान करते हुए कहा कि पीएम विश्व कर्म कौशल सम्मान पैकेज की परिकल्पना पारंपरिक कारीगरों और शिल्पकारों के लिए की गई है, जो उन्हें एमएसएमई मूल्य श्रृंखला के साथ एकीकृत करते हुए अपने उत्पादों की गुणवत्ता, पैमाने और पहुंच में सुधार करने में सक्षम बनाएगा।

बजट में सिगरेट पर आकस्मिकता शुल्क को 16 फीसदी बढ़ाया गया। इसके साथ ही क्षेत्रीय हवाई संपर्क में सुधार के लिए 50 अतिरिक्त हवाई अड्डों, हेलीपॉड्स, वाटर एयरोड्रोम और उन्नत लैंडिंग ग्राउंड का पुनरुत्थान का ऐलान किया गया है।

इससे पहले प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने केंद्रीय बजट 2023-24 को मंजूरी दी। सीतारमण केंद्रीय बजट प्रस्तुत करने से पहले राष्ट्रपति भवन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से बजट पेश करने की सहमति प्राप्त की। इस दौरान वित्त मंत्री के केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री डॉ. भागवत किशन राव कराड, केंद्रीय वित्त राज्यमंत्री पंकज चौधरी और वित्त मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। वित्त वर्ष 2023-24 का केंद्रीय बजट मोदी सरकार का आखिरी और पूर्ण बजट है, जबकि निर्मला सीतारमण का पांचवां केंद्रीय बजट है।

उल्लेखनीय है कि इस बार बजट पूरी तरह डिजिटल फॉर्मेट में पेश किया गया। केंद्रीय बजट 2023-24 की प्रत्येक जानकारी ‘यूनियन बजट मोबाइल ऐप’ पर उपलब्ध है, जिसे एंड्रॉयड और एपल के सभी वर्जन पर देखा जा सकता है। सीतारमण के बजट भाषण की पूरी जानकारी http:ndiabudget.gov.in लिंक से डाउनलोड की जा सकती है। इस पर बजट हिंदी और अंग्रेजी में उपलब्ध होगा। बजट को पढ़ने के साथ-साथ इसकी बारीकी को भी समझ जा सकेगा।

PL News

PL News has a very strong and dedicated team of journalist, writers and content makers. This media house has proud to have eminent journalists on its board. Besides, PL News also have a team of efficient, young and dynamic budding journalists. What makes PL News unique is that it is established, run and administered by professional and highly dedicated journalists only.

संबंधित समाचार

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button